हिमाचल हाईकोर्ट ने बीएड काउंसलिंग पर रोक लगाने से किया इनकार, सरकार और विश्वविद्यालयों से मांगा जवाब

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हिमाचल हाईकोर्ट ने बीएड काउंसलिंग पर रोक लगाने से किया इनकार, सरकार और विश्वविद्यालयों से मांगा जवाब

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एचपीयू में 18 जुलाई से शुरू हो चुकी है काउंसलिंग प्रक्रिया, एक सप्ताह में जवाब दाखिल करने के निर्देश; अगली सुनवाई 31 जुलाई को।

शिमला। हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने राज्य के बीएड कॉलेजों में चल रही प्रवेश काउंसलिंग प्रक्रिया पर फिलहाल रोक लगाने से इनकार कर दिया है। न्यायाधीश ज्योत्सना रिवाल दुआ की अदालत ने कहा कि हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय (एचपीयू) में 18 जुलाई से काउंसलिंग शुरू हो चुकी है,

ऐसे में इस स्तर पर पूरी प्रक्रिया पर रोक लगाना उचित नहीं होगा। अदालत ने राज्य सरकार, उच्च शिक्षा निदेशक, हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय (एचपीयू) और सरदार पटेल विश्वविद्यालय (एसपीयू) मंडी को एक सप्ताह के भीतर जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं। मामले की अगली सुनवाई 31 जुलाई को निर्धारित की गई है।

यह मामला राज्य के सभी बीएड कॉलेजों में एक समान केंद्रीकृत काउंसलिंग प्रक्रिया लागू करने की मांग को लेकर दायर याचिका से जुड़ा है। याचिकाकर्ता का कहना है कि एचपीयू और एसपीयू से संबद्ध सभी बीएड कॉलेजों में प्रवेश के लिए एक ही काउंसलिंग प्रणाली अपनाई जानी चाहिए, ताकि सभी अभ्यर्थियों को समान अवसर मिल सके और प्रवेश प्रक्रिया में एकरूपता बनी रहे।

सुनवाई के दौरान विश्वविद्यालय की ओर से 2 अप्रैल को 'जागृति सभा एवं अन्य बनाम राज्य' मामले में पारित आदेश का हवाला दिया गया। इसमें कहा गया था कि एचपीयू सभी बीएड संस्थानों के लिए आवेदन प्राप्त करने और प्रवेश परीक्षा आयोजित करने वाली एकल एजेंसी के रूप में कार्य कर सकता है,

लेकिन एसपीयू से संबद्ध कॉलेजों के लिए वह संबद्ध विश्वविद्यालय की भूमिका नहीं निभाएगा। अदालत ने अंतिम निर्णय आने तक मौजूदा काउंसलिंग प्रक्रिया जारी रखने के निर्देश दिए हैं।

Keywords (English): Himachal Pradesh High Court, B.Ed Counselling, HPU, SPU Mandi, Himachal B.Ed Admission, Centralized Counselling, HPU B.Ed, Sardar Patel University, Higher Education Himachal, Himachal News

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