NEET परीक्षा विवाद के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद कांग्रेस ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। AICC प्रवक्ता कुलदीप सिंह राठौर ने कहा कि यह किसी व्यक्ति विशेष की हार नहीं, बल्कि छात्रों के आंदोलन और उनकी आवाज की बड़ी जीत है।
राठौर ने कहा कि छात्रों ने शिक्षा व्यवस्था से जुड़े एक महत्वपूर्ण मुद्दे को लेकर आंदोलन शुरू किया था और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भी छात्रों की मांगों का समर्थन किया। उनके अनुसार, लगातार बने जनदबाव के बाद आखिरकार धर्मेंद्र प्रधान को अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा।
उन्होंने कहा कि हाल के घटनाक्रम से स्पष्ट हो गया था कि सरकार पर दबाव बढ़ रहा है। राठौर के अनुसार, शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार की आवश्यकता है ताकि भविष्य में इस तरह की परिस्थितियां दोबारा उत्पन्न न हों।
कुलदीप सिंह राठौर ने स्पष्ट किया कि उनकी धर्मेंद्र प्रधान से कोई व्यक्तिगत विरोध नहीं है। उन्होंने कहा कि उनकी आपत्ति केवल मंत्रालय के कामकाज और परीक्षा प्रणाली के प्रबंधन को लेकर थी। उनके अनुसार, जब कोई मंत्री अपने विभाग को प्रभावी ढंग से संभालने में सफल नहीं होता, तो जवाबदेही तय होना स्वाभाविक है।
धर्मेंद्र प्रधान ने शनिवार को केंद्रीय शिक्षा मंत्री पद से इस्तीफा दिया। उनका इस्तीफा NEET-UG परीक्षा विवाद और उससे जुड़े छात्र आंदोलनों के बीच आया है।
follow us on facebook
subscribe to us on youtube