मंडी
मंडी जिले की बल्ह घाटी के बड़सू गाँव की निशा ठाकुर ने अपनी उपलब्धियों से क्षेत्र का नाम पूरे प्रदेश में रोशन किया है। उनके उत्कृष्ट सामाजिक कार्यों और शिक्षा के क्षेत्र में दिए गए अतुलनीय योगदान के लिए उन्हें ऐतिहासिक गेयटी थियेटर शिमला में 'हिमाचल अचीवर अवार्ड' से नवाजा गया।
यह सम्मान उन्हें डी. डॉल्फिन (D Dolphin) संस्था द्वारा आयोजित एक विशेष समारोह में प्रदान किया गया।
निशा ठाकुर वर्तमान में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बरोट में हिंदी प्रवक्ता के पद पर कार्यरत हैं। वह न केवल विद्यार्थियों को किताबी ज्ञान दे रही हैं, बल्कि समाज में फैली कुरीतियों के खिलाफ भी मुखर हैं।
निशा लगातार युवाओं को नशे जैसी घातक बुराई से दूर रहने के लिए प्रेरित कर रही हैं। उनका मानना है कि वर्तमान समय में युवाओं को सही दिशा दिखाना ही समय की सबसे बड़ी मांग है। सम्मान समारोह के दौरान उन्होंने कहा कि सामाजिक बुराइयों को तभी खत्म किया जा सकता है, जब पूरा समाज एक इकाई बनकर काम करेगा।
निशा ठाकुर की पहचान शिक्षा जगत में उस समय और मजबूत हुई जब कोरोना महामारी के दौरान स्कूल बंद थे। उन्होंने छात्रों की पढ़ाई बाधित न हो, इसके लिए यूट्यूब (YouTube) के माध्यम से हिंदी भाषा का ऑनलाइन शिक्षण शुरू किया।
वह प्रदेश के उन चुनिंदा शिक्षकों में शामिल थीं जिन्होंने सबसे पहले डिजिटल माध्यम को अपनाकर बच्चों तक शिक्षा पहुँचाई थी। आज भी उनका यह ऑनलाइन शिक्षण का सफर निरंतर जारी है।
निशा ठाकुर ने इस गौरवपूर्ण सम्मान के लिए डी. डॉल्फिन समिति का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि यह सम्मान उन्हें भविष्य में और अधिक ऊर्जा के साथ समाज सेवा और शिक्षा की बेहतरी के लिए काम करने की प्रेरणा देगा। उनकी इस उपलब्धि पर बड़सू गाँव और बरोट स्कूल में खुशी का माहौल है।