शिमला।
शिमला शहर में पीक आवर्स के दौरान लगने वाले ट्रैफिक जाम की समस्या को देखते हुए जिला पुलिस ने एक विशेष पहल शुरू की है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शिमला द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार, अब सभी थाना प्रभारी (SHO) पीक आवर्स के दौरान खुद ट्रैफिक संचालन की कमान संभालेंगे।
शहर में सुबह 09:00 बजे से 10:30 बजे तक और दोपहर बाद 04:30 बजे से 06:00 बजे तक यातायात का दबाव सबसे अधिक रहता है। इस दौरान स्कूल, कार्यालय और अन्य कार्यों के लिए बड़ी संख्या में वाहनों का आवागमन होता है, जिससे शहर के कई हिस्सों में जाम की स्थिति बन जाती है।
इस चुनौती से निपटने के लिए, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने सभी एसएचओ को सुबह और शाम के पीक आवर्स में व्यक्तिगत रूप से यातायात व्यवस्था की निगरानी करने का निर्देश दिया है। एसएचओ इस दौरान शिमला ट्रैफिक पुलिस के साथ समन्वय स्थापित करेंगे और वाहनों की सुचारू आवाजाही सुनिश्चित करेंगे। साथ ही, जाम की स्थिति को समय रहते नियंत्रित करने के लिए जरूरी कदम उठाएंगे।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने कहा कि पीक आवर्स में पुलिस की बढ़ी हुई उपस्थिति से शहर के सुरक्षा और यातायात प्रबंधन तंत्र को और अधिक मजबूत बनाया गया है। उन्होंने सभी नागरिकों से इस पहल में पुलिस का सहयोग करने की अपील की।
यह पहल शिमला पुलिस द्वारा नागरिकों को सुरक्षित, सुगम और निर्बाध यातायात अनुभव प्रदान करने के लिए किए जा रहे निरंतर प्रयासों का हिस्सा है। पुलिस का मानना है कि इस पहल से शहर में ट्रैफिक जाम की समस्या को काफी हद तक कम करने में मदद मिलेगी।
पुलिस द्वारा शहर के बॉटलनेक्स पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। नागरिकों को ट्रैफिक नियमों का पालन करने के लिए जागरूक किया जा रहा है। यातायात नियमों के उल्लंघन के लिए सख्त कार्रवाई की जा रही है।
जिला पुलिस शिमला ने नागरिकों से अनुरोध किया है कि वे ट्रैफिक नियमों का पालन करें और पुलिस के साथ सहयोग करें ताकि शहर में यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ बनाया जा सके।