नगरोटा बगवां:
हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले के नगरोटा बगवां के बड़ाई गाँव से एक बेहद भावुक और दिल को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। यहाँ स्थित प्रसिद्ध 'बाड़ी वाली माता' के मंदिर में एक मासूम बच्ची द्वारा लगाई गई अरदास ने वहाँ मौजूद हर श्रद्धालु की आँखें नम कर दीं।
इस नन्हीं बच्ची ने माता रानी के चरणों में शीश नवाकर किसी खिलौने या सुख-सुविधा की मांग नहीं की, बल्कि अपने घर के हालातों को सुधारने के लिए एक ऐसी गुहार लगाई जिसे सुनकर मंदिर परिसर में सन्नाटा पसर गया।
मासूम बच्ची ने माँ के दरबार में हाथ जोड़कर बड़ी ही मासूमियत और दर्द भरे स्वर में कहा—"हे माता रानी, मेरे पापा की दारू छुड़वा दो, क्योंकि मेरी मम्मी प्रेग्नेंट हैं।"
बच्ची की इस छोटी सी पंक्ति में छिपे गहरे दर्द, पारिवारिक संघर्ष और अपनी माँ के प्रति उसकी चिंता ने यह साफ कर दिया कि नशे की लत किस तरह हंसते-खेलते परिवारों और मासूम बच्चों के बचपन को मानसिक तनाव से भर देती है।
चर्चा का विषय बनी मासूम की पुकार
मंदिर में मौजूद स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं ने जब इस नन्हीं बच्ची की इस मार्मिक अरदास को सुना, तो हर कोई अवाक रह गया। इस घटना की चर्चा अब पूरे इलाके में हो रही है।
लोग जहाँ एक तरफ बच्ची की अपनी माँ के प्रति चिंता और उसकी समझदारी की तारीफ कर रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ यह घटना समाज में पैर पसारते नशे के खिलाफ एक मूक लेकिन सबसे बड़ा संदेश दे रही है कि कैसे बड़ों की गलत आदतें बच्चों के कोमल मन पर गहरा घाव छोड़ जाती हैं।