कांगड़ा
मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने मंगलवार को कांगड़ा जिले के फतेहपुर विधानसभा क्षेत्र के जखबड़ में एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए क्षेत्र के विकास के लिए घोषणाओं की झड़ी लगा दी। मुख्यमंत्री ने न केवल बुनियादी ढांचे में सुधार की बात की, बल्कि पिछली भाजपा सरकार पर तीखे हमले करते हुए स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में व्यापक सुधारों का खाका भी पेश किया।
मुख्यमंत्री ने फतेहपुर के आर्थिक और प्रशासनिक विकास के लिए निम्नलिखित प्रमुख घोषणाएं कीं मुख्यमंत्री ने एलान किया कि शाहनहर के प्रमुख अभियंता प्रोजेक्ट का कार्यालय, जिसे पहले मंडी स्थानांतरित कर दिया गया था, अब पुनः फतेहपुर में स्थापित किया जाएगा।
जखबड़ में औद्योगिक क्षेत्र के निर्माण के लिए 10 करोड़ रुपये देने की घोषणा की गई। वजीर राम सिंह स्टेडियम के जीर्णोद्वार के लिए 50 लाख रुपये और क्षेत्र के महिला मंडलों को 20-20 हज़ार रुपये की सहायता प्रदान की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने शिक्षा के गिरते स्तर पर चिंता जताते हुए कहा कि वर्ष 2021 में हिमाचल गुणात्मक शिक्षा में 21वें स्थान पर था, जो अब सुधरा है। मुख्यमंत्री ने विश्वास दिलाया कि 30 जून तक प्रदेश के सभी 151 सीबीएसई पैटर्न वाले स्कूलों में अध्यापकों की नियुक्ति पूरी कर दी जाएगी।
इसके लिए राज्य स्तर पर परीक्षाएं आयोजित की जा रही हैं। मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के समय हिमकेयर योजना में बड़ी गड़बड़ियां हुईं, यहाँ तक कि पुरुषों के ओवरी ऑपरेशन तक के क्लेम दिखाए गए।
उन्होंने इस मामले में उच्च स्तरीय जांच के आदेश दे दिए हैं। फतेहपुर स्वास्थ्य संस्थान में अब 8 विशेषज्ञ डॉक्टर तैनात हैं और एम्स की तर्ज पर अत्याधुनिक मशीनें उपलब्ध कराई जा रही हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार वोटों की नहीं, जन सेवा की राजनीति करती है। ग्रामीण आय बढ़ाने के लिए कई ठोस कदम उठाए गए हैं गाय का दूध ₹61, भैंस का दूध ₹71 और प्राकृतिक हल्दी ₹150 प्रति किलो की दर से सरकार खरीदेगी।
ढगवार में 200 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक मिल्क प्रोसेसिंग प्लांट स्थापित किया जा रहा है। जलाशयों में मछली पकड़ने पर प्रतिबंध के दौरान परिवारों को ₹3,500 की सम्मान राशि मिलेगी और रॉयल्टी दर को 15% से घटाकर 1% कर दिया गया है।
मुख्यमंत्री ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्षी पार्टी आंतरिक रूप से पांच गुटों में बंटी हुई है। उन्होंने कहा कि पिछली सरकार को वर्तमान सरकार से कहीं अधिक राजस्व प्राप्त हुआ था, लेकिन उन्होंने उसका दुरुपयोग किया।
अति गरीब परिवारों की पहचान कर पात्र महिलाओं को ₹1,500 प्रति माह पेंशन और 300 यूनिट मुफ्त बिजली दी जाएगी। सरकार ने अनाथ बच्चों के कल्याण के लिए ठोस नीतियां बनाई हैं।
राज्य योजना बोर्ड के उपाध्यक्ष और स्थानीय विधायक भवानी सिंह पठानिया ने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि नवनिर्मित पुल और मिनी सचिवालय क्षेत्र की आर्थिकी बदल देंगे।
उन्होंने कहा कि पुल बनने से रात 8 बजे के बाद की आवाजाही की समस्या खत्म हो जाएगी और आगामी दो वर्षों में यहाँ बड़े उद्योग आएंगे। इस अवसर पर कृषि मंत्री चौधरी चंद्र कुमार सहित अन्य कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।