सोलन
नगर निगम सोलन के आगामी चुनावों के लिए जिला निर्वाचन अधिकारी एवं उपायुक्त द्वारा वार्डों का रोस्टर जारी करते ही शहर में चुनावी बिसात बिछनी शुरू हो गई है। इस बार वार्ड नंबर-7 के 'ओपन श्रेणी' में आने के बाद यहां का मुकाबला सबसे अधिक चर्चा में है।
इसी बीच, युवा समाजसेवी मनोज रघुवंशी द्वारा चुनाव लड़ने की इच्छा जताए जाने के बाद वार्ड के समीकरण पूरी तरह बदलते नजर आ रहे हैं।
मृदुभाषी छवि और सामाजिक सक्रियता बनी ताकत
मनोज रघुवंशी वार्ड नंबर-7 में किसी परिचय के मोहताज नहीं हैं। अपनी सहज कार्यशैली और सरल स्वभाव के कारण वे आम जनता के बीच खासे लोकप्रिय हैं। लोगों के सुख-दुख में हमेशा साथ खड़े रहने की उनकी आदत ने उन्हें एक भरोसेमंद चेहरे के रूप में स्थापित किया है। उनके चुनावी मैदान में उतरने के संकेत मात्र से ही क्षेत्र में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है।
युवाओं के बीच मजबूत पकड़ और संघर्षशील अतीत
भारतीय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो) के पूर्व सदस्य रहे रघुवंशी की युवाओं में गहरी पैठ मानी जाती है। संगठन में रहते हुए और उससे अलग होने के बाद भी उन्होंने जनहित के मुद्दों को छोड़ने के बजाय और मजबूती से उठाया है।
पेयजल किल्लत, सफाई व्यवस्था, सड़कों की खस्ताहाल स्थिति। जन समस्याओं को लेकर वे न केवल प्रशासन से टकराए हैं, बल्कि धरने और अनशन जैसे कड़े कदम उठाने से भी पीछे नहीं हटे।
बहुकोणीय मुकाबले के आसार
वार्ड नंबर-7 के 'अनारक्षित' (ओपन) होने से अब यहां कई दिग्गज अपनी किस्मत आजमा सकते हैं। मनोज रघुवंशी की दावेदारी ने अन्य संभावित प्रत्याशियों की धड़कनें तेज कर दी हैं। हालांकि, अभी यह सस्पेंस बरकरार है कि वे किसी प्रमुख राजनीतिक दल के सिंबल पर चुनाव लड़ेंगे या फिर निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर मैदान में उतरेंगे।
वार्ड का नया समीकरण
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि रघुवंशी के जुझारू व्यक्तित्व और समाजसेवा के ट्रैक रिकॉर्ड के कारण इस सीट पर मुकाबला बहुकोणीय और दिलचस्प होने वाला है। समर्थकों में भारी उत्साह है और सोशल मीडिया से लेकर वार्ड की गलियों तक रघुवंशी के नाम की चर्चा जोरों पर है।
आने वाले दिनों में जैसे-जैसे चुनावी सरगर्मियां बढ़ेंगी, वार्ड नंबर-7 सोलन नगर निगम की सबसे हॉट सीट बनकर उभर सकती है।