झंडूता।
हिमाचल की माटी के एक और लाल ने देवभूमि का नाम रोशन किया है। बिलासपुर जिले के उपमंडल झंडूता के अंतर्गत आने वाले अमरोआ गांव के होनहार युवक अंकुश कपिल भारतीय नौसेना में लेफ्टिनेंट के पद पर नियुक्त हुए हैं। जैसे ही अंकुश की इस बड़ी सफलता की खबर गांव पहुंची, पूरे क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गई।
बचपन का सपना हुआ साकार
अंकुश कपिल के परिवार के अनुसार, उन्होंने बचपन से ही सफेद वर्दी पहनने और समुद्र की लहरों के बीच देश की सेवा करने का सपना संजोया था। अपनी इस मंजिल को पाने के लिए अंकुश ने वर्षों तक कड़ी मेहनत और अटूट समर्पण के साथ तैयारी की। आज उनकी इस उपलब्धि ने न केवल उनके परिवार, बल्कि पूरे जिले को गौरवान्वित किया है।
भावुक हुआ परिवार, गांव में बंटी मिठाइयां
अंकुश की इस ऐतिहासिक सफलता पर उनके माता-पिता और भाई भावुक नजर आए। उन्होंने बताया कि यह पल उनके जीवन का सबसे गर्व भरा क्षण है। जैसे ही नियुक्ति की आधिकारिक सूचना मिली, गांव के लोग बधाई देने के लिए अंकुश के घर उमड़ पड़े। खुशी के इस मौके पर पूरे गांव में मिठाइयां बांटी गईं और आतिशबाजी कर जश्न मनाया गया।
क्षेत्र के युवाओं के लिए बने प्रेरणास्रोत
स्थानीय निवासियों और गणमान्य व्यक्तियों का कहना है कि अंकुश कपिल की यह कामयाबी झंडूता उपमंडल के अन्य युवाओं के लिए एक मिसाल पेश करेगी। सीमित संसाधनों के बावजूद दृढ़ निश्चय और अनुशासन से कैसे भारतीय सेना के उच्च पदों तक पहुँचा जा सकता है, अंकुश ने इसे साबित कर दिखाया है।
अंकुश की मेहनत रंग लाई है। उसने अपनी सफलता से यह संदेश दिया है कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत सच्ची, तो आसमान की ऊंचाइयों को छूना नामुमकिन नहीं है।— ग्रामीण, अमरोआ