शिमला।
हिमाचल प्रदेश में रविवार को राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट-यूजी) कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। प्रदेशभर के परीक्षा केंद्रों पर सुबह से ही अभ्यर्थियों और उनके अभिभावकों की भीड़ देखने को मिली।
परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक आयोजित की गई। परीक्षा को निष्पक्ष और सुचारू रूप से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन, पुलिस और शिक्षा विभाग ने व्यापक प्रबंध किए थे।
नीट अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए हिमाचल पथ परिवहन निगम (एचआरटीसी) ने विशेष पहल करते हुए साधारण बसों में मुफ्त यात्रा सुविधा उपलब्ध करवाई। इससे दूरदराज क्षेत्रों से आने वाले विद्यार्थियों को बड़ी राहत मिली।
शिमला में 9 केंद्रों पर 3,738 अभ्यर्थियों के लिए व्यवस्था
राजधानी शिमला में नीट-यूजी परीक्षा के लिए नौ केंद्र बनाए गए थे, जहां 3,738 अभ्यर्थियों को प्रवेश पत्र जारी किए गए थे। सुबह से ही केंद्रों के बाहर अभ्यर्थियों की लंबी कतारें लगी रहीं।
सघन जांच और दस्तावेजों के सत्यापन के बाद ही परीक्षार्थियों को केंद्रों में प्रवेश दिया गया। शिमला के परीक्षा केंद्रों में संजौली कॉलेज, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला लालपानी, पोर्टमोर, जाखू, राजकीय कन्या महाविद्यालय, एचपीयू मॉडल स्कूल समरहिल, हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय विधि विभाग,
राजीव गांधी राजकीय महाविद्यालय चौड़ा मैदान तथा यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी शामिल रहे।
कड़ी सुरक्षा में पहुंचाए गए प्रश्नपत्र
नीट परीक्षा को लेकर सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क रहीं। शिमला के रिज मैदान से सुरक्षा बलों की निगरानी में प्रश्नपत्रों को विभिन्न परीक्षा केंद्रों तक पहुंचाया गया। मालरोड क्षेत्र में प्रश्नपत्रों के सुरक्षित रख-रखाव के लिए विशेष केंद्र बनाया गया था, जहां से निर्धारित प्रक्रिया के तहत प्रश्नपत्र रवाना किए गए।
नाहन में तीन केंद्रों पर रही प्रशासन की पैनी नजर
सिरमौर जिला मुख्यालय नाहन में भी सुबह से परीक्षा को लेकर हलचल बनी रही। जिला प्रशासन की कड़ी निगरानी में आयोजित परीक्षा के लिए बनाए गए तीन केंद्रों—शमशेर वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला, पीएम श्री कन्या पाठशाला और जवाहर नवोदय विद्यालय—पर अभ्यर्थी समय से पहले पहुंच गए थे। परीक्षा केंद्रों के बाहर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे।
बिलासपुर में 1,352 अभ्यर्थियों ने दी परीक्षा
बिलासपुर और घुमारवीं में बनाए गए पांच परीक्षा केंद्रों पर कुल 1,352 अभ्यर्थियों ने नीट-यूजी परीक्षा दी। परीक्षा शुरू होने से पहले केंद्रों के बाहर सुरक्षा व्यवस्था, यातायात प्रबंधन और अन्य सुविधाओं की तैयारियां पूरी कर ली गई थीं।
अभिभावकों ने जिला प्रशासन द्वारा किए गए इंतजामों की सराहना करते हुए कहा कि सुरक्षा, पेयजल, परिवहन और अन्य आवश्यक सुविधाओं की बेहतर व्यवस्था से विद्यार्थियों को किसी तरह की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा।
शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई परीक्षा
प्रदेशभर में नीट-यूजी परीक्षा बिना किसी अप्रिय घटना के शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। प्रशासन और पुलिस विभाग की सतर्कता के चलते परीक्षा प्रक्रिया व्यवस्थित रही तथा अभ्यर्थियों को निर्धारित समय पर परीक्षा देने का अवसर मिला।