मंडी I
हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में साइबर ठगी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहाँ सदर थाना क्षेत्र के रंधाड़ा में एक ट्रक ऑपरेटर को व्हाट्सएप पर फर्जी चालान का मैसेज भेजकर शातिरों ने महज 5 मिनट के भीतर 5.53 लाख रुपये उड़ा लिए।
क्या है पूरा मामला?
पीड़ित ट्रक ऑपरेटर, खूबराज के पास चार ट्रक हैं। उन्होंने हाल ही में अपना एक ट्रक बेचा था, जिसके बदले उनके बैंक खाते में 11 लाख रुपये आए थे। शनिवार दोपहर करीब 1:15 बजे खूबराज को व्हाट्सएप पर वाहन चालान का एक संदेश प्राप्त हुआ। इस संदेश के साथ एक APK फाइल संलग्न थी।
जैसे ही खूबराज ने उस फाइल को डाउनलोड किया, उनके मोबाइल का पूरा एक्सेस (नियंत्रण) साइबर ठगों के पास चला गया। इसके तुरंत बाद उनके मोबाइल पर बैंक से पैसे कटने के तीन मैसेज आए, जिनमें कुल 5,53,000 रुपये उनके खाते से निकाले जा चुके थे।
वीकेंड का फायदा उठाकर की ठगी
साइबर अपराधियों ने इस ठगी के लिए जानबूझकर 'चौथे शनिवार' का दिन चुना। जब घबराए हुए खूबराज बैंक पहुंचे, तो छुट्टी होने के कारण शाखा बंद मिली। मौके पर तैनात बैंक के चौकीदार ने सूझबूझ दिखाते हुए पीड़ित को तुरंत मंडी स्थित साइबर पुलिस स्टेशन भेजा।
पुलिस की कार्रवाई
साइबर पुलिस ने शिकायत मिलते ही त्वरित कार्रवाई करते हुए उन खातों को फ्रीज (Freeze) करवा दिया है जिनमें पैसे ट्रांसफर किए गए थे। पुलिस ने बैंक से खाते का विवरण मांगा है, हालांकि बैंक बंद होने के कारण विस्तृत स्टेटमेंट सोमवार तक मिलने की उम्मीद है। साइबर पुलिस थाना मंडी ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
सावधान: कैसे काम करता है यह स्कैम?
आजकल साइबर ठग व्हाट्सएप पर आधिकारिक दिखने वाले संदेश भेजते हैं, जिनमें ट्रैफिक चालान या बिजली बिल बकाया होने का डर दिखाया जाता है। इन संदेशों के साथ एक फाइल (APK) होती है। इसे इंस्टॉल करते ही आपका फोन एक तरह से हैक हो जाता है और ठग आपके ओटीपी (OTP) और बैंकिंग जानकारी तक पहुंच बना लेते हैं।