धर्मशाला।
हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड ने वार्षिक परीक्षाओं के बाद अब परीक्षा परिणामों को लेकर अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। बोर्ड के निर्धारित शेड्यूल के अनुसार, दसवीं (मैट्रिक) और बारहवीं (जमा दो) कक्षाओं की उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य 2 अप्रैल, 2026 से शुरू होने जा रहा है।
बोर्ड का लक्ष्य है कि 30 अप्रैल तक दोनों कक्षाओं का परीक्षा परिणाम घोषित कर दिया जाए।
मूल्यांकन के लिए 41 केंद्र स्थापित
बोर्ड सचिव डॉ. मेजर विशाल शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन के लिए प्रदेश भर में 41 स्थल मूल्यांकन केंद्र बनाए गए हैं। मूल्यांकन कार्य को सुचारू रूप से चलाने के लिए शिक्षा विभाग के माध्यम से शिक्षकों की ड्यूटियां लगा दी गई हैं और इसकी सूची बोर्ड को प्राप्त हो चुकी है।
दो चरणों में हो रही है उत्तरपुस्तिकाओं की शिफ्टिंग
बोर्ड सचिव ने बताया कि परीक्षाओं के बाद उत्तरपुस्तिकाओं को सुरक्षित रूप से शिफ्ट करने की प्रक्रिया दो चरणों में पूरी की जाती है।
प्रथम चरण: पहले चरण की शिफ्टिंग पूरी हो चुकी है और इन उत्तरपुस्तिकाओं को मूल्यांकन के लिए तैयार किया जा रहा है।
द्वितीय चरण: शेष उत्तरपुस्तिकाओं को भी जल्द ही निर्धारित केंद्रों पर पहुँचा दिया जाएगा ताकि 2 अप्रैल से काम सुचारू रूप से शुरू हो सके।
29 मार्च को होगी 'एकलव्य' प्रवेश परीक्षा
बोर्ड सचिव ने एक और महत्वपूर्ण जानकारी साझा करते हुए बताया कि प्रदेश के जनजातीय क्षेत्रों के लिए एकलव्य मॉडल आवासीय स्कूलों की प्रवेश परीक्षा 29 मार्च को आयोजित की जाएगी।
इसके लिए प्रदेश भर में 10 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। चंबा, लाहौल-स्पीति और किन्नौर में स्थित ये स्कूल जवाहर नवोदय विद्यालय की तर्ज पर केंद्रीय जनजातीय मामले मंत्रालय द्वारा संचालित किए जाते हैं।
बोर्ड का संकल्प: समय पर परिणाम
डॉ. मेजर विशाल शर्मा ने स्पष्ट किया कि बोर्ड अपने तय शेड्यूल पर कायम है। दिसंबर में जारी की गई डेटशीट के साथ ही यह लक्ष्य रखा गया था कि अप्रैल अंत तक परिणाम घोषित कर दिए जाएं, ताकि छात्रों को आगामी कक्षाओं में प्रवेश लेने में कोई असुविधा न हो।