हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले के भटियात क्षेत्र में एक 28 वर्षीय महिला की जहरीला पदार्थ निगलने के बाद मौत हो गई। मामला सिहुंता के समीप थकोली गांव का है। मृतका की पहचान रूबी के रूप में हुई है। महिला ने मौत से पहले पुलिस को दिए बयान में अपने पति पर प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाए हैं।
जानकारी के अनुसार, रूबी का मायका गांव गोला के भ्योरा में है। करीब आठ वर्ष पहले उसकी शादी थकोली गांव निवासी 35 वर्षीय पवन कुमार के साथ हुई थी। मायका पक्ष का आरोप है कि शादी के कुछ समय बाद से ही महिला को ससुराल में कथित तौर पर प्रताड़ित किया जाने लगा था।
बताया जा रहा है कि लगातार मानसिक प्रताड़ना से परेशान होकर रूबी ने गेहूं में डालने वाली जहरीली दवा निगल ली। हालत बिगड़ने पर ससुराल पक्ष के लोग उसे उपचार के लिए सिविल अस्पताल शाहपुर ले गए।
पुलिस को दिए बयान में पति पर लगाए आरोप
सिविल अस्पताल शाहपुर में उपचार के दौरान पुलिस ने महिला के बयान दर्ज किए। बताया गया है कि अपने बयान में रूबी ने पति पर प्रताड़ना के आरोप लगाए। महिला की गंभीर स्थिति को देखते हुए चिकित्सकों ने उसे टांडा मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया।
टांडा में उपचार के दौरान महिला ने दम तोड़ दिया। पुलिस अब पूरे मामले की जांच कर रही है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि आखिर किन परिस्थितियों में महिला ने इतना बड़ा कदम उठाया।
दो छोटे बच्चों के सिर से उठा मां का साया
रूबी की मौत के बाद उसके दो छोटे बच्चों के सिर से मां का साया उठ गया है। मृतका के दो बच्चे हैं, जिनकी उम्र चार और सात वर्ष बताई जा रही है। मां की मौत से परिवार में मातम पसरा हुआ है।
मायका पक्ष ने लगाए गंभीर आरोप
घटना के बाद मायका पक्ष गहरे सदमे में है। परिजनों ने ससुराल पक्ष पर लंबे समय से रूबी को प्रताड़ित करने के आरोप लगाए हैं। मायका पक्ष का कहना है कि रूबी ने अपनी छोटी बहन को भी ससुराल में हो रही कथित प्रताड़ना के बारे में बताया था।
परिजनों का आरोप है कि पति और सास-ससुर की कथित प्रताड़ना से परेशान होकर रूबी ने यह कदम उठाया। हालांकि, मामले में लगाए गए आरोपों की पुलिस जांच कर रही है। पुलिस जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर ही मौत के कारणों और पूरे घटनाक्रम की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
follow us on facebook
subscribe to us on youtube