बिलासपुर
हिमाचल प्रदेश महिला सीडब्ल्यूसी (CWC) चेयरमैन तृप्ता ठाकुर ने भाजपा सांसद और फिल्म अभिनेत्री कंगना रणौत के हालिया बयानों पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने नसीहत देते हुए कहा कि कंगना रणौत को कोई भी सार्वजनिक बयान देने से पहले तथ्यों का गहन अध्ययन करना चाहिए और हवा में बात करने के बजाय सच्चाई के आधार पर अपनी बात रखनी चाहिए।
नारी वंदन बिल के बहाने भाजपा पर निशाना
तृप्ता ठाकुर ने महिला आरक्षण (नारी वंदन) बिल को लेकर केंद्र सरकार की मंशा पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार पुनर्समीकरण (Delimitation) की आड़ में इस महत्वपूर्ण मुद्दे पर केवल राजनीति कर रही है।
उन्होंने सवाल उठाया कि जब वर्ष 2023 में संसद ने इस बिल को सर्वसम्मति से पारित कर दिया था, तो इसे अब तक धरातल पर लागू क्यों नहीं किया गया? उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा नेता इस बिल को लागू करने के बजाय केवल बयानबाजी में उलझे हुए हैं।
चुनावी लाभ के लिए इस्तेमाल का आरोप
तृप्ता ठाकुर ने कहा कि वर्तमान में विभिन्न राज्यों में चुनावी माहौल है और भाजपा इस बिल को केवल वोट बैंक साधने के उद्देश्य से उछाल रही है। उन्होंने कहा कि इसके लिए विशेष सत्र बुलाकर करोड़ों रुपये खर्च करने की कोई आवश्यकता नहीं थी।
उन्होंने तर्क दिया कि चुनावी प्रक्रिया समाप्त होने के बाद भी इस विषय पर गंभीरता से चर्चा की जा सकती थी, लेकिन भाजपा ने इसे एक राजनीतिक हथियार के रूप में इस्तेमाल किया।
कांग्रेस का गौरवशाली इतिहास
कांग्रेस की भूमिका को रेखांकित करते हुए तृप्ता ठाकुर ने कहा कि पार्टी ने हमेशा महिलाओं के उत्थान और सशक्तिकरण के लिए ठोस कार्य किए हैं। उन्होंने याद दिलाया कि देश की आजादी के बाद महिलाओं को मतदान का अधिकार भी कांग्रेस सरकार के समय ही मिला था।
उन्होंने अंत में कहा कि यदि भाजपा की नीयत साफ है और वह वास्तव में महिला आरक्षण लागू करना चाहती है, तो वर्ष 2023 में पारित बिल को ही बिना किसी देरी के लागू करे, न कि इसे सिर्फ एक राजनीतिक मुद्दा बनाए रखे।