कांगड़ा।
हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में नशे के सौदागरों के खिलाफ पुलिस ने 'जीरो टॉलरेंस' की नीति अपनाते हुए एक बड़े नेटवर्क को ध्वस्त किया है। पुलिस ने भारी मात्रा में 4 किलो 40 ग्राम चरस बरामद कर इस मामले में संलिप्त चार आरोपियों को सलाखों के पीछे पहुँचा दिया है।
इस मामले का खुलासा करते हुए एसपी कांगड़ा अशोक रत्न ने बताया कि पुलिस ने सबसे पहले पचरुखी क्षेत्र में नाकाबंदी के दौरान दो व्यक्तियों को संदेह के आधार पर रोका था। तलाशी लेने पर उनके पास से 4 किलो 40 ग्राम चरस की बड़ी खेप बरामद हुई। मौके पर ही दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर गहन पूछताछ शुरू की गई।
प्रारंभिक जांच में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि बरामद की गई चरस की यह खेप पालमपुर तहसील और आसपास के क्षेत्रों में सप्लाई की जानी थी। साक्ष्य जुटाने के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इस नेटवर्क से जुड़े दो और आरोपियों को दबोच लिया, जो पालमपुर क्षेत्र के निवासी बताए जा रहे हैं।
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि यह खेप कहाँ से आई थी और इसके पीछे मुख्य सरगना कौन है।
प्रेस वार्ता के दौरान एसपी अशोक रत्न ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि नशे के कारोबार में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। नशा मुक्त कांगड़ा हमारी प्राथमिकता है। पुलिस पूरी सतर्कता और गंभीरता के साथ काम कर रही है। साक्ष्यों के आधार पर इस नेटवर्क की हर कड़ी को खंगाला जा रहा है और आने वाले दिनों में जिले में ऐसे ही सख्त अभियान जारी रहेंगे।
पुलिस विभाग अब जिले के शिक्षण संस्थानों और ग्रामीण इलाकों में विशेष निगरानी रख रहा है। एसपी ने आम जनता से भी अपील की है कि यदि उनके आसपास कोई संदिग्ध गतिविधि या नशे की बिक्री नजर आती है, तो इसकी सूचना तुरंत पुलिस को दें।