बिलासपुर
हिमाचल प्रदेश और पंजाब की सीमा पर स्थित गरामोड़ा में लगातार दूसरे दिन भी भारी हंगामा देखने को मिला। बुधवार को खालसा टैक्स वसूली को लेकर हुए भारी बवाल के बाद, वीरवार को हालांकि निहंग सिखों की ओर से कोई विवाद नहीं हुआ, लेकिन गरामोड़ा टोल प्लाजा पर एक नया गतिरोध पैदा हो गया।
कीरतपुर-नेरचौक ट्रक यूनियन के प्रधान बलवीर सिंह की अगुवाई में यूनियन के सदस्यों और स्थानीय टोल कर्मियों ने टोल प्रबंधन के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए प्लाजा पर जोरदार प्रदर्शन किया।
स्थानीय कर्मचारियों के उत्पीड़न का आरोप, बहाली न होने पर बड़े आंदोलन की चेतावनी
ट्रक यूनियन के प्रधान बलवीर सिंह ने गरामोड़ा टोल प्लाजा के अधिकारियों पर स्थानीय कर्मचारियों के साथ कथित दुर्व्यवहार, मानसिक उत्पीड़न और उन्हें नौकरी से हटाने का गंभीर आरोप लगाया है।
धरने के दौरान प्रदर्शनकारियों ने टोल प्लाजा के समीप ही मुख्य सड़क पर बैठकर अपना विरोध जताया और प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। यूनियन प्रधान ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि क्षेत्र के स्थानीय कर्मचारियों के साथ किसी भी प्रकार का अन्याय और तानाशाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग
यूनियन ने चेतावनी दी है कि जिन स्थानीय कर्मचारियों को बिना किसी ठोस कारण के नौकरी से निकाला गया है, उन्हें तुरंत ससम्मान काम पर वापस बहाल किया जाए। यदि टोल प्रबंधन ने अपनी हठधर्मी नहीं छोड़ी और हटाए गए कर्मचारियों को दोबारा काम पर नहीं रखा, तो आने वाले दिनों में चक्का जाम कर इस आंदोलन को और उग्र किया जाएगा।
ट्रक यूनियन ने जिला व पुलिस प्रशासन से इस संवेदनशील मामले में तत्काल हस्तक्षेप करने और समस्या का स्थायी समाधान निकालने की पुरजोर अपील की है।