शिमला।
हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने कांग्रेस सरकार की नीतियों और चुनाव से पहले दी गई 10 गारंटियों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। भाजपा कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू पर जनता से वादाखिलाफी करने के गंभीर आरोप लगाए।
भाजपा जिला शिमला के अध्यक्ष केशव चौहान ने धरने को संबोधित करते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी ने केवल झूठ और झूठे वादों के दम पर सत्ता हथियाई है। उन्होंने सरकार की प्रमुख गारंटियों पर सवाल उठाते हुए कहा महिलाओं को सम्मान राशि 1500 रुपए देने का वादा अब तक अधूरा है।
300 यूनिट मुफ्त बिजली मिली और न ही युवाओं को पांच लाख रोजगार का वादा पूरा हुआ। केशव चौहान ने तंज कसते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी 'मिशन रिपीट' की बात कर रही है, लेकिन हकीकत यह है कि जनता के आक्रोश के आगे यह मिशन कभी पूरा नहीं होगा।
प्रदर्शन के दौरान प्यार सिंह कंवर ने विशेष रूप से शिमला ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र की दयनीय स्थिति पर सरकार को कटघरे में खड़ा किया। उन्होंने आरोप लगाया कि इस क्षेत्र में विकास पूरी तरह ठप है सड़कें गड्ढों में तब्दील हो चुकी हैं और पेयजल व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है।
क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाएं नाममात्र की रह गई हैं, जिससे जनता को भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
प्यार सिंह कंवर ने सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि पूरे प्रदेश में विकास नहीं बल्कि ‘मित्रों का राज’ चल रहा है। उन्होंने कटाक्ष किया कि संभवतः शिमला ग्रामीण के विधायक मुख्यमंत्री की ‘मित्र सूची’ में शामिल नहीं हैं, जिसके कारण इस क्षेत्र के काम रुके हुए हैं।
उन्होंने स्पष्ट किया कि क्षेत्र की बदहाली की जिम्मेदारी से वहां के जनप्रतिनिधि और मंत्री भाग नहीं सकते।
भाजपा नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने जल्द ही गारंटियों को लागू नहीं किया और ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्यों में गति नहीं लाई, तो आने वाले समय में भाजपा इस आंदोलन को और उग्र करेगी और गांव-गांव जाकर सरकार की विफलताओं का पर्दाफाश करेगी।