मंडी
पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने मंडी से जारी एक तीखे बयान में मुख्यमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा कि चुनाव में हार की बौखलाहट उनके चेहरे और बयानों में साफ दिखाई दे रही है।
जयराम ठाकुर ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री जनादेश और लोकतंत्र का सरेआम अपमान कर रहे हैं और संविधान की धज्जियां उड़ा रहे हैं। उन्होंने कहा कि जनता द्वारा चुने गए जनप्रतिनिधियों के बारे में अपमानजनक और ओछी टिप्पणी करना मुख्यमंत्री की संकीर्ण मानसिकता को दर्शाता है।
लोकतंत्र में जनता सर्वोपरि है और मुख्यमंत्री का यह आचरण पूरी तरीके से शर्मनाक है, जिसके लिए उन्हें प्रदेशवासियों और जनप्रतिनिधियों से तुरंत माफी मांगनी चाहिए।
मित्र मंडली की लूट और 1500 करोड़ के चेस्टर हिल मामले पर घेरा
नेता प्रतिपक्ष ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि सत्ता संभालते ही मुख्यमंत्री पर भ्रष्टाचार के एक के बाद एक कई आरोप लगे हैं और उनके साथ काम कर रहे अधिकारियों पर भी आए दिन सवाल उठ रहे हैं।
उन्होंने कहा कि सरकार की 'मित्र मंडली' द्वारा मचाई गई लूट और फैलाई गई अराजकता से पूरा प्रदेश बुरी तरह त्रस्त है। जयराम ठाकुर ने 1500 करोड़ रुपये से अधिक के चेस्टर हिल घोटाले का जिक्र करते हुए कहा कि इस मामले में नाम आने पर मुख्यमंत्री ने जिस तरह आला अधिकारियों को बचाने का प्रयास किया, वह उनके भ्रष्टाचार समर्थक सोच को उजागर करता है।
अपनी ही पार्टी के आरोपों पर मुख्यमंत्री की चुप्पी संदिग्ध: जयराम
जयराम ठाकुर ने मामले को और गंभीर बताते हुए कहा कि आज मुख्यमंत्री पर उनकी ही पार्टी के एक वरिष्ठ पदाधिकारी द्वारा जो आरोप लगाए गए हैं, वे बेहद शर्मसार करने वाले हैं।
इतने बड़े मसले को केवल 'मसाला' कह देने से काम नहीं चलेगा और न ही हर बात को विपक्ष पर टालकर राजनीतिक रंग दिया जा सकता है। उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार के इतने बड़े मामले और 'अटैचियों' के आरोपों पर मुख्यमंत्री की चुप्पी पूरे प्रकरण को संदिग्ध बनाती है।
झूठ बोलकर और लोगों को गुमराह करके सरकार अपने भ्रष्टाचार को ज्यादा दिन नहीं छिपा पाएगी, अब परतें खुलने लगी हैं और सरकार को हर आरोप का जवाब देना ही होगा।