हमीरपुर
सदर थाना क्षेत्र के अंतर्गत लोहरड़ा बाईपास पर धोखाधड़ी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहाँ दो अज्ञात शातिरों ने एक 74 वर्षीय बुजुर्ग दुकानदार को अपनी बातों के जाल में फंसाकर नकली नोटों के जरिए करीब 3,200 रुपये की चपत लगा दी। पुलिस ने शिकायत दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।
घटना का विवरण
जानकारी के अनुसार, लोहरड़ा निवासी चुन्नी लाल, जिनकी बाईपास पर छोटी सी दुकान है, शनिवार दोपहर अपनी दुकान पर मौजूद थे। इसी दौरान कार सवार दो युवक वहां पहुंचे और नमकीन के साथ चाय का ऑर्डर दिया। चाय पीते हुए उन्होंने चुन्नी लाल से सामान्य बातचीत शुरू की और उनका भरोसा जीत लिया।
'खुले पैसों' के बहाने की धोखाधड़ी
बातों ही बातों में युवकों ने दुकानदार से कहा कि उनके पास 200-200 रुपये के बहुत सारे नोट हैं और उन्हें 500 रुपये के बड़े नोटों की जरूरत है। बुजुर्ग दुकानदार उनकी बातों में आ गया और उसने सहायता के तौर पर उन्हें 500 रुपये के 12 नोट (कुल 6,000 रुपये) दे दिए।
बदले में युवकों ने दुकानदार को 200 रुपये के 30 नोट थमा दिए, जिन्हें चुन्नी लाल ने बिना जांचे गल्ले में रख लिया।
अगले दिन हुआ खुलासा
धोखाधड़ी का खुलासा अगले दिन हुआ जब दुकानदार ने नोटों की गिनती की। जांच करने पर पता चला कि:
कुल 30 नोटों में से 16 नोट नकली थे।
केवल 14 नोट ही असली पाए गए।
इस प्रकार शातिरों ने बड़ी सफाई से 3,200 रुपये की ठगी को अंजाम दिया।
पुलिस की कार्रवाई
पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अधीक्षक बलवीर सिंह ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए टीम गठित कर दी गई है। दुकान और आसपास के क्षेत्र में लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है ताकि आरोपियों की कार और पहचान का पता लगाया जा सके। जल्द ही दोषी सलाखों के पीछे होंगे।
जनता के लिए अपील
पुलिस प्रशासन ने स्थानीय व्यापारियों और आम जनता से अपील की है कि नकदी के लेनदेन के समय विशेष सावधानी बरतें। किसी भी अनजान व्यक्ति से बड़े नोट बदलते समय उनकी प्रमाणिकता की अच्छी तरह जांच कर लें ताकि इस तरह की ठगी से बचा जा सके।