शिमला (संजौली): पहाड़ों की रानी शिमला में तीन महीने के लंबे सूखे के बाद आखिरकार शुक्रवार को सीजन की पहली बर्फबारी हुई। जैसे ही बर्फ के फाहों ने संजौली की छतों और सड़कों को सफेद चादर से ढका, यहाँ के युवाओं और सैलानियों का उत्साह सातवें आसमान पर पहुंच गया।
कड़ाके की ठंड और शून्य से नीचे गिरते तापमान के बावजूद, संजौली बाजार और आसपास के क्षेत्रों में युवाओं की मस्ती देखने लायक थी।
संजौली के मुख्य चौक से लेकर चलौंती और ढली की ओर जाने वाली सड़कों पर युवाओं की टोलियां बर्फ के साथ खेलते हुए नजर आईं। कड़ाके की ठंड में भी युवाओं ने एक-दूसरे पर बर्फ के गोले फेंके और इस पल को यादगार बनाने के लिए जमकर सेल्फी ली। इंस्टाग्राम और फेसबुक जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म संजौली की बर्फबारी के वीडियो और तस्वीरों से पट गए हैं।
लंबे समय से चल रहे ड्राई स्पेल (सूखे) के बाद हुई इस बर्फबारी को स्थानीय युवाओं ने एक उत्सव की तरह मनाया। संजौली में रहने वाले कॉलेज छात्रों का कहना है कि वे इस दिन का बड़ी बेसब्री से इंतजार कर रहे थे। एक स्थानीय युवा ने बताया, "ठंड तो बहुत है, लेकिन बर्फबारी का मजा ही अलग है। हमने पढ़ाई छोड़कर आज पूरा दिन बर्फ में मस्ती करने का प्लान बनाया है।"
हालांकि मस्ती का माहौल चरम पर है, लेकिन बर्फबारी के कारण संजौली-ढली मार्ग और आईजीएमसी (IGMC) जाने वाली सड़कों पर फिसलन बढ़ गई है। पुलिस प्रशासन ने युवाओं और सैलानियों से आग्रह किया है कि वे मस्ती के दौरान अपनी सुरक्षा का ध्यान रखें और फिसलन वाली जगहों पर वाहन न ले जाएं।